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National: कलकत्ता हाई कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि एससी-एसटी (अत्याचार निवारण) कानून के तहत कार्रवाई केवल सड़क, बाजार या किसी सार्वजनिक स्थान पर किए गए अपमान तक सीमित नहीं है। सोशल मीडिया पर जातिसूचक गाली भी इस कानून के दायरे में आ सकती है।
मामले में अनुसूचित जाति समुदाय से जुड़े शिकायतकर्ता ने रबिउल इस्लाम बुलबुल और सायन दत्त के खिलाफ बेहाला थाने में शिकायत की थी। आरोप था कि दोनों ने फेसबुक पर उनकी जाति, धर्म और परिवार को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणियां कीं। शिकायतकर्ता ने पोस्ट के स्क्रीनशॉट के साथ शिकायत दर्ज कराई थी।